window.dataLayer = window.dataLayer || []; function gtag(){dataLayer.push(arguments);} gtag('js', new Date()); gtag('config', 'UA-96526631-1'); सतत् विकास लक्ष्य और एमपीआई पर दो दिवसीय कार्यशाला का हुआ शुभारंभ | T-Bharat
June 28, 2026

TEHRIRE BHARAT

Her khabar sach ke sath

सतत् विकास लक्ष्य और एमपीआई पर दो दिवसीय कार्यशाला का हुआ शुभारंभ

सतत् विकास लक्ष्य और एमपीआई पर दो दिवसीय कार्यशाला का हुआ शुभारंभ

सतत् विकास लक्ष्य और एमपीआई पर दो दिवसीय कार्यशाला का हुआ शुभारंभ

देहरादून:मुख्य सचिव ओमप्रकाश ने गुरूवार को सचिवालय में सतत् विकास लक्ष्य इंडेक्स 2020-21 तथा मल्टीडायमेंशनल पॉवर्टी इंडेक्स (एमपीआई) पर दो दिवसीय कार्यशाला का शुभारम्भ किया। सलाहकार नीति आयोग संयुक्ता समद्दार और उनकी टीम का स्वागत करते हुए मुख्य सचिव ओमप्रकाश ने कहा कि इस कार्यशाला के आयोजन से उत्तराखण्ड को भावी योजनाओं के लिए बहुमूल्य मार्गदर्शन प्राप्त होगा। उन्होंने कहा कि उत्तराखण्ड इसके निर्धारित लक्ष्य वर्ष 2030 से पहले, लक्ष्य प्राप्त करने के लिए प्रतिबद्ध हैं। राज्य के समावेशी विकास के लिए एक रोडमैप के रूप में उत्तराखण्ड सतत् विकास लक्ष्य (एसडीजी) विजन दस्तावेज जारी किया गया है।
      मुख्य सचिव ने कहा कि कोविड-19 महामारी के परिणामस्वरूप समावेशी विकास दर को बनाए रखना चुनौतीपूर्ण रहेगा, परन्तु नीति आयोग उत्तराखण्ड द्वारा प्रकाशित दो एसडीजी इंडिया इंडेक्स के अनुसार 2018 में राज्य ने 11वीं रैंक के सापेक्ष वर्ष 2019 में 10वीं रैंक हासिल की है। उन्होंने कहा कि एसडीजी के स्थानीयकरण और एकीकरण के लिए वर्ष 2017 के बाद से सभी जिलों में विभिन्न कार्यशालाएं आयोजित की गई हैं। स्थानीयकरण के प्रयासों के अनुसार, राज्य ने सतत् विकास लक्ष्य को ग्राम पंचायत विकास योजनाओं के साथ एकीकृत करने के लिए लगातार कार्यशालाएं आयोजित की हैं, साथ ही, ब्लॉक और जिला पंचायत स्तर पर भी इसे लागू किया गया है। सतत् विकास लक्ष्य (एसडीजी) के प्रभावी कार्यान्वयन एवं मार्गदर्शन के लिए वरिष्ठ प्रशासनिक सचिवों के तहत छह कार्य समूह का गठन किया गया है। इसके साथ ही, जिला स्तर पर प्रभावी योजना और निगरानी के लिए एक एसडीजी टास्क फोर्स भी गठित की गयी है। उन्होंने कहा कि एसडीजी सेल का गठन किया गया है, और मुख्य विकास अधिकारियों को एसडीजी नोडल अधिकारी के रूप में नामित किया गया है।
      मुख्य सचिव ने कहा कि राज्य शहरी निकायों को साथ रखते हुए व्यापक ग्राम पंचायत विकास योजनाओं पर ध्यान केंद्रित किया जा रहा है, ताकि सभी स्थानीय स्तर के मुद्दों पर ध्यान दिया जा सके। इसमें मुख्य विकास अधिकारियों की महत्वपूर्ण भूमिका है। उन्होंने कहा कि यह कार्यशाला एक उपयोगी मंच प्रदान साबित होगी एवं कार्यशाला में उपस्थित सभी प्रतिभागियों को इस कार्यशाला से अधिकतम लाभ लेना चाहिए। सलाहकार नीति आयोग संयुक्ता समद्दार ने विस्तृत प्रस्तुतिकरण के माध्यम से सतत् विकास लक्ष्य एवं मल्टीडिमेंशनल पावर्टी इंडेक्स के संबंध में जानकारी दी। इस अवसर पर सभी विभागों से उच्चाधिकारी उपस्थित थे।

news
Share
Share