window.dataLayer = window.dataLayer || []; function gtag(){dataLayer.push(arguments);} gtag('js', new Date()); gtag('config', 'UA-96526631-1'); उद्यमिता बूट कैंपों से 1,500 से अधिक प्रतिभागी लाभान्वित हुए | T-Bharat
October 9, 2026

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उद्यमिता बूट कैंपों से 1,500 से अधिक प्रतिभागी लाभान्वित हुए

देहरादून,। आईआईएम काशीपुर फाउंडेशन फॉर इनोवेशन एंड एंटरप्रेन्योरशिप डेवलपमेंट (एफआईईडी) ने उत्तराखंड के ग्रामीण विकास मंत्रालय के सहयोग से संचालित रूरल एंटरप्राइज एक्सेलेरेशन प्रोजेक्ट (आरईएपी) के अंतर्गत राज्य के सभी 13 जिलों में 13 उद्यमिता बूट कैंप सफलतापूर्वक आयोजित किए। इस पहल का उद्देश्य राज्य के युवाओं एवं उभरते उद्यमियों में उद्यमिता की भावना को प्रोत्साहित करना तथा उन्हें व्यवसाय शुरू करने और आगे बढ़ाने के लिए आवश्यक ज्ञान एवं मार्गदर्शन उपलब्ध कराना था। इन बूट कैंपों से 1,500 से अधिक प्रतिभागी लाभान्वित हुए। प्रतिभागियों को उद्योग विशेषज्ञों, आईआईएम काशीपुर के प्राध्यापकों, सरकारी अधिकारियों तथा सफल उद्यमियों द्वारा उद्यमिता, व्यवसाय विकास, नवाचार और नए उद्यम स्थापित करने से संबंधित व्यावहारिक जानकारी प्रदान की गई।
देहरादून में आयोजित बूट कैंप में आरईएपी की परियोजना निदेशक एवं आईएएस अधिकारी झरना कामठान ने प्रतिभागियों से संवाद किया। इस अवसर पर उन्होंने घोषणा की कि इन बूट कैंपों से चयनित 20 संभावित स्टार्टअप्स को आईआईएम काशीपुर एफआईईडी के माध्यम से आगे प्रशिक्षण, मेंटरशिप तथा वित्तीय सहयोग प्रदान किया जाएगा। इसका उद्देश्य इन उद्यमों को अपने व्यवसाय मॉडल को मजबूत करने और उन्हें टिकाऊ उद्यमों के रूप में विकसित करने में सहायता देना है। आईआईएम काशीपुर के निदेशक प्रो. नीरज द्विवेदी ने भी देहरादून कार्यक्रम में सहभागिता की और उत्तराखंड के उद्यमिता पारिस्थितिकी तंत्र को मजबूत करने के लिए संस्थान की प्रतिबद्धता एवं सहयोग का आश्वासन दिया। यह पहल जमीनी स्तर पर उद्यमिता को बढ़ावा देने, रोजगार एवं आजीविका के अवसर सृजित करने और उत्तराखंड के आर्थिक विकास में योगदान देने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है।

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