देहरादून,। सार्वजनिक क्षेत्र की तेल विपणन कंपनियां (ओएमसी)-इंडियन ऑयल, बीपीसीएल और एचपीसीएल-उत्तराखंड में परिचालन और लॉजिस्टिक्स समन्वय जारी रखे हुए हैं ताकि कई क्षेत्रों में ईंधन की मांग में अचानक और तीव्र वृद्धि के बावजूद पेट्रोल (एमएस), डीजल (एचएसडी) और एलपीजी की निर्बाध उपलब्धता सुनिश्चित की जा सके। आईओसीएल उत्तराखंड के राज्य स्तरीय समन्वयक कृष्ण कुमार गुप्ता ने शनिवार को कहा कि तेल विपणन कंपनियों ने पिछले साल अप्रैल माह की तुलना में इस साल मई 2026 में पेट्रोल 9 फीसदी, डीजल में 5 फीसदी की ग्रोथ दर्ज की है. उन्होंने कहा कि आंकड़ों के मुताबिक लोगों में पेट्रोल, डीजल की डिमांड बढ़ी और तेल विपणन कंपनियों की तरफ से आपूर्ति सुनिश्चित भी की गई है.
तेल विपणन कंपनियों ने पिछले साल मई माह की तुलना में इस 1 से 21 मई 2026 में पेट्रोल 14 फीसदी, डीजल में 6.7 फीसदी की ग्रोथ दर्ज की है. उन्होंने कहा कि आंकड़ों के मुताबिक लोगों में पेट्रोल, डीजल की डिमांड बढ़ी और तेल विपणन कंपनियों की तरफ से आपूर्ति सुनिश्चित भी की गई है.
उन्होंने कहा कि हाल के दिनों में, ओएमसी ने कई राज्यों में मौसमी कृषि गतिविधियों और कटाई कार्यों के कारण पेट्रोलियम उत्पादों की उल्लेखनीय रूप से अधिक खपत देखी है। अन्य आपूर्तिकर्ताओं की तुलना में कम कीमत के कारण खुदरा ग्राहकों के सार्वजनिक क्षेत्र के खुदरा आउटलेट्स की ओर रुख करने और संस्थागत और वाणिज्यिक उपभोक्ताओं के खुदरा ईंधन आउटलेट्स की ओर स्पष्ट रुझान के कारण भी अतिरिक्त मांग का दबाव उत्पन्न हुआ है। कृष्ण कुमार गुप्ता के मुताबिक सार्वजनिक क्षेत्र की ओएमसी अपने टर्मिनलों, डिपो, पाइपलाइनों, एलपीजी बॉटलिंग संयंत्रों और खुदरा आउटलेट्स के व्यापक राष्ट्रव्यापी नेटवर्क के माध्यम से निर्बाध आपूर्ति बनाए हुए हैं। आपूर्ति दल, परिवहन नेटवर्क, टर्मिनल संचालन और चुनिंदा खुदरा आउटलेट्स बाजारों में निर्बाध उत्पाद आवागमन और समय पर पुनःपूर्ति सुनिश्चित करने के लिए 24Û7 कार्यरत हैं। सार्वजनिक क्षेत्र की तेल विपणन कंपनियां निर्बाध ईंधन आपूर्ति के लिए राज्य प्रशासन के साथ घनिष्ठ समन्वय बनाए हुए हैं।
तेल उद्योग उपभोक्ताओं को आश्वस्त करना चाहता है कि देशभर में पेट्रोल, डीजल और एलपीजी का पर्याप्त भंडार उपलब्ध है और निर्बाध आपूर्ति सुनिश्चित करने के लिए सभी आवश्यक उपाय किए जा रहे हैं। सार्वजनिक क्षेत्र की तेल विपणन कंपनियां स्टॉक की स्थिति की लगातार समीक्षा कर रही हैं और बढ़ी हुई मांग को कुशलतापूर्वक पूरा करने के लिए रसद और वितरण योजना पर घनिष्ठ समन्वय स्थापित कर रही हैं। नागरिकों को सलाह दी जाती है कि वे सामान्य खरीदारी जारी रखें और अनावश्यक रूप से घबराकर खरीदारी करने से बचें। उपभोक्ताओं से यह भी अनुरोध है कि वे ईंधन की उपलब्धता से संबंधित सटीक जानकारी के लिए केवल अधिकृत एजेंसियों और तेल विपणन कंपनियों द्वारा जारी आधिकारिक सूचनाओं पर ही भरोसा करें।
Her khabar sach ke sath

More Stories
होलकर एजुकेशन ट्रस्ट के प्रतिनिधिमंडल ने मुख्यमंत्री से की भेंट
शिक्षा मंत्री डॉ धन सिंह रावत ने श्रीनगर में किया स्विफ्ट स्कूल का शुभारंभ
डॉ. कुमार विश्वास पहुंचे दून के लेखक गांव, कविता और संस्कृति से युवाओं को किया प्रेरित