रूद्रपुर। जिलाधिकारी युगल किशोर पंत की अध्यक्षता में कलेक्ट्रट सभागार में बाल एवं किशोर श्रम अधिनियम के अन्तर्गत जिला टास्क फोर्स की बैठक सम्पन्न हुई। जिलाधिकारी ने सम्बन्धित अधिकारियों को निर्देश दिये कि बाल एवं किशोर श्रम से सम्बन्धित जो भी शिकायत प्राप्त होती हैं, उन्हें गंभीरता से लेते हुए तत्काल कार्यवाही करना सुनिश्चित करें। उन्होंने जनपद में श्रम कार्य में लगे 14 वर्ष से कम आयु के बच्चों को चिन्हित करने के निर्देश देते हुए कहा कि बच्चों को मजदूरी के स्थान पर शिक्षा मुहैया करायी जाये। उन्होंने निर्देशित करते हुए कहा कि शिक्षा से वंचित ऐंसे बच्चों को मुख्य धारा में लाने के लिए शिक्षा, श्रम तथा समाज कल्याण विभाग आपसी समन्वय से कार्य करना सुनिश्चित करें। उन्होंने निर्देश दिये कि जिस स्थान पर पुलिस सहयोग की आवश्यकता हों, वहॉ पर तुरन्त पुलिस विभाग से समन्य स्थापित करते हुए कार्यवाही करना सुनिश्चित करें। जिलाधिकारी ने श्रम विभाग के अधिकारियों को प्रति माह कम से कम तीन बार अपने-अपने क्षेत्रों का निरीक्षण करने के निर्देश दिये। डीएम ने शिक्षा विभाग के अधिकारियों को निर्देश दिये कि 14 वर्ष से कम आयु वर्ग के जनपद में पूर्व चिन्हित 339 बच्चों को विद्यालयों से शतप्रतिशत जोड़ने के निर्देश दिये। उन्होंने 14 से 18 आयु वर्ष के तक के किशोरों को गैर खतरनाक कामों में ही कार्य करने दिया जाये।
इस अवसर पर जिला समाज कल्याण अधिकारी अमन अनिरूद्ध, अपर मुख्य चिकित्साधिकारी डॉ0 हरेन्द्र मलिक, सीएओ गिरीश चन्द्र सुयाल, एडीपीआरओ महेश कुमार, श्रम प्रवर्तन अधिकारी मीनाक्षी भट्ट, एचआर आर्या, पीआर शैल, चाईल्ड लाईन केन्द्र समन्वयक शायरा बानो सहित श्रम विभाग के अन्य अधिकारी उपस्थित थे।
बाल एवं किशोर श्रम से संबंधित शिकायतों को गंभीरता से लेने के दिए निर्देश

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